शहर में खासकर कुमार गैस एजेंसी से जुड़े उपभोक्ताओं ने गंभीर शिकायतें दर्ज कराई हैं। उनका कहना है कि उन्होंने ऑनलाइन गैस सिलेंडर की बुकिंग कर भुगतान भी कर दिया, लेकिन तय समय पर सिलेंडर नहीं मिला। हैरानी की बात यह है कि एजेंसी के सिस्टम में पहले ही सिलेंडर की डिलीवरी दिखा दी जाती है। कई उपभोक्ताओं ने बताया कि उन्होंने किसी के साथ ओटीपी साझा नहीं किया, इसके बावजूद उनके नाम पर सिलेंडर की सप्लाई दर्ज कर दी गई। शिकायत करने पर शुरू में एजेंसी और डिलीवरी कर्मी इसे तकनीकी गड़बड़ी बताकर जल्द समाधान का आश्वासन देते हैं, लेकिन बाद में उपभोक्ताओं को मना कर दिया जाता है या मामला टाल दिया जाता है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह पूरा मामला गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी से जुड़ा हो सकता है, जिसमें उपभोक्ताओं के हिस्से का सिलेंडर कहीं और बेच दिया जाता है। शहर में इस तरह की शिकायतें लगातार बढ़ रही हैं और सबसे ज्यादा मामले इसी एजेंसी से सामने आने का दावा किया जा रहा है।