रामपुर के मिलक क्षेत्र में गुरुवार रात एक आवारा सांड से टकराकर बाइक सवार युवक रजनीश गंगवार गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद बरेली रेफर किया गया है।
रामपुर के मिलक क्षेत्र में गुरुवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है, जिसमें एक आवारा सांड से टकराने के बाद बाइक सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। यह घटना मिलक के रौरा कला गांव के पास हुई, जहाँ रात करीब 10:30 बजे रजनीश गंगवार नामक व्यक्ति विवाह समारोह से घर लौट रहे थे। इस हादसे के बाद स्थानीय लोगों में प्रशासन के प्रति नाराजगी देखी जा रही है, क्योंकि सड़कों पर आवारा पशुओं की मौजूदगी से लगातार दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। घायल युवक को तत्काल स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से गंभीर हालत में उन्हें बरेली के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यह घटना रामपुर जिले के मिलक तहसील के रौरा कला गांव के पास घटित हुई, जो ग्रामीण क्षेत्रों में आवारा पशुओं की समस्या को एक बार फिर उजागर करती है। रजनीश गंगवार, जो रौरा कला गांव के निवासी हैं, एक विवाह समारोह में शामिल होकर अपनी बाइक से घर वापस लौट रहे थे। रात के समय, जब वे अपने गांव के पास सड़क से गुजर रहे थे, तभी सड़क पर बैठे आवारा पशुओं के झुंड में से एक सांड से उनकी बाइक की जोरदार टक्कर हो गई। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि रजनीश अपनी बाइक से उछलकर दूर जा गिरे और उन्हें गंभीर चोटें आईं।
आवारा पशुओं की समस्या और बढ़ता खतरा
स्थानीय लोगों और रजनीश के परिजनों को घटना की सूचना मिलते ही वे तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने रजनीश को तत्काल मिलक के सरकारी अस्पताल में पहुंचाया, जहाँ डॉक्टरों ने उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए तत्काल प्राथमिक उपचार प्रदान किया। हालांकि, चोटों की गंभीरता को देखते हुए, डॉक्टरों ने उन्हें बरेली के किसी बड़े अस्पताल में उच्च उपचार के लिए रेफर करने का निर्णय लिया। वर्तमान में, रजनीश गंगवार का इलाज बरेली के एक निजी अस्पताल में चल रहा है, जहाँ उनकी हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है।
इस घटना के बाद, मिलक क्षेत्र के निवासियों में प्रशासन के प्रति गहरी नाराजगी है। ग्रामीणों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है, बल्कि मुख्य सड़कों पर आवारा पशुओं का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे आए दिन इस तरह की दुर्घटनाएं होती रहती हैं। इन आवारा पशुओं के कारण न केवल राहगीरों की जान जोखिम में पड़ती है, बल्कि संपत्ति का भी नुकसान होता है। लोगों ने प्रशासन से इस गंभीर समस्या का स्थायी समाधान निकालने की मांग की है।
प्रशासन से की गई कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से आग्रह किया है कि सड़कों पर घूम रहे आवारा पशुओं को पकड़ा जाए और उन्हें सुरक्षित गौशालाओं में भेजा जाए। उनका मानना है कि जब तक इन पशुओं को सड़कों से हटाकर उचित स्थान पर नहीं रखा जाता, तब तक इस प्रकार के हादसों को रोकना मुश्किल होगा। यह मांग न केवल रजनीश गंगवार के मामले में न्याय सुनिश्चित करने के लिए है, बल्कि भविष्य में होने वाली अन्य दुर्घटनाओं को रोकने के लिए भी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन को इस समस्या को गंभीरता से लेना चाहिए और त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए ताकि आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
यह घटना रामपुर जिले में आवारा पशुओं के प्रबंधन की कमी को दर्शाती है। सड़कों पर घूमते पशु न केवल यातायात के लिए बाधा उत्पन्न करते हैं, बल्कि वे गंभीर दुर्घटनाओं का कारण भी बनते हैं। ऐसे हादसों से बचने के लिए, स्थानीय अधिकारियों को आवारा पशुओं को पकड़ने और उन्हें सुरक्षित आश्रय प्रदान करने के लिए एक प्रभावी योजना बनानी चाहिए। गौशालाओं की क्षमता बढ़ाना और पशुपालकों को अपने पशुओं को नियंत्रित रखने के लिए जागरूक करना भी इस समस्या के समाधान में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। रामपुर न्यूज़ इस मामले पर प्रशासन की प्रतिक्रिया और आगे की कार्रवाई पर नजर रखेगा।
